शिव भजन

शिव शम्भू जटाधारी, जटा में गंगा उतारी

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शिव शम्भू जटाधारी – Shiv Shambhu Jatadhari Mp3 Download

Shiv Bhajan Lyrics in Hindi

शिव शम्भू जटाधारी जटा में गंगा उतारी
काम कियो अति भारी, सारी धरती है तारी

ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय

अंग भभूति चन्द्रमा माथे पर
जटा बहे गंगा की धार
पहनी गले में सर्पो की माला
प्रभु तुम कियो गजब श्रृंगार
किये बैल की सवारी, उमा वाम अंगधारी
भक्तो के हितकारी ऐसी छवि मनहारी

शिव शम्भू जटाधारी जटा में गंगा उतारी
काम कियो अति भारी, सारी धरती है तारी

ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय

नीलकंठ मन के अति भोले जग हित विष का पान किया
इसीलिए सब देवो ने तुमको महादेव का मान दिया
मेरे भोले भंडारी सुनो विनती हमारी
मांगे तेरा ये पुजारी बस शरण तुम्हारी

शिव शम्भू जटाधारी जटा में गंगा उतारी
काम कियो अति भारी, सारी धरती है तारी

ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय

About the author

Aaditi Dave

Hello Every One, Jai Shree Krishna, as I Belong To Brahman Family I Got All The Properties of Hindu Spirituality From My Elders and Relatives & Decided To Spreading All The Stuff About Hindu Dharma's Devotional Facts at Only One Roof.

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